ब्राह्मण हमारी संस्कृति और हिंदुत्व की रीढ है लेकिन इसे सिर्फ भाजपा ही समझती है तमाम दल ब्राह्मणों को लेकर अलग-अलग तरह की भ्रांतियां समाज में घोलकर हिंदुत्व को कमजोर करना चाहते हैं। समाजवादी पार्टी इसमें सबसे आगे है। लगातार पिछले कई दशकों से समाजवादी पार्टी ब्राह्मणों का अपमान करती रही है। इसका कारण साफ है।
कार सेवकों पर गोली चलवाने वाले कभी सनातन के साथ हो नहीं सकते। नमाज वादी लोग सनातन की संस्कृति को नहीं समझ सकते। इनको सिर्फ हिंदुओं में विघटन कराकर अपनी राजनीतिक रोटी सेकनी होती है ।
अभी कुछ दिनों पहले सियासी फायदे के लिए सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव ने पीडीए का चेहरा बदलते हुए पंडित को पीडीए के पी से जोड़ दिया था लेकिन उन्हीं के पार्टी के नेता ब्राह्मणों का अपमान करने से पीछे नहीं रहते हैं । सनातन विरोध की पराकाष्ठा में हाल ही केराकत विधायक तूफानी सरोज ने खुलकर ब्राह्मणों का अपमान किया,यह अपमान अखिलेश यादव के सह पर किया का रहा है। जबकि उनको लगता है की 2027 के चुनाव में ब्राह्मण उनके धोखे में आ जाएगा और उनके साथ चला आयेगा,लेकिन ब्राह्मण सनातनी है,बुद्धिमान है और अपमान करने वालों को बराबर अपने ध्यान में रखता है।
तूफानी सरोज का बयान उनके लिए ताबूत में आखिरी कील साबित होगा। वह आए दिन सवर्ण समाज के ख़िलाफ़ बयान देते रहते है।
ब्राह्मण समाज इसका जवाब देगा
सनातन से नफरत करने वाले और बाबर से प्रेम करने वालों को जनता बेहतर जानती है और इसका असर आपको 2027 के चुनाव में दिखाई देगा! ब्राह्मणों को लेकर अखिलेश यादव की गलतफहमी इसी में दूर हो जाएगी तूफानी सरोज जैसे नेता ब्राह्मण और सनातन का अपमान,सवर्ण समाज का अपमान करके विधानसभा तक नहीं पहुंच पाएंगे।
2022 के चुनाव में भाजपा ने कई ब्राह्मणों को टिकट देकर चुनाव लड़वाने का काम किया था जिसमें आज भी 45 ब्राह्मण नेता विधायक बीजेपी से बने हैं । वहीं समाजवादी पार्टी से सिर्फ पांच विधायक ही है। समाजवादी पार्टी का और उनके नेताओं का समाजवाद से कोई लेना-देना नहीं है यह सिर्फ परिवार की पार्टी है और इसमें सिर्फ परिवारवाद ही पनपता है। अखिलेश के साथ-साथ तूफानी सरोज को भी परिवार की ही चिंता है और यह जनता को धोखे में रहकर सिर्फ अपने परिवार का भला चाहते हैं। जिसके लिए मुझे कुछ कहने की जरूरत नहीं है। यह सब जनता के सामने है! मैं भी दलित समाज से आता हूँ और दलित समाज के किसी एक व्यक्ति को आज तक अपने राजनैतिक जीवन में तूफ़ानी सरोज आगे बढ़ाये हो ,उन्हें राजनीतिक रूप से मजबूत किये हो तो जवाब दे। मेरा खुला चैलेंज है।
