जौनपुर/रामपुर। रामपुर थाना क्षेत्र में थानाध्यक्ष रमेश कुमार से बातचीत का कथित ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया है। वायरल ऑडियो को लेकर पत्रकार को कथित तौर पर घर से उठाने की धमकी देने और अभद्र भाषा का प्रयोग करने के आरोप लगाए जा रहे हैं।
बताया जा रहा है कि औरा बनपुरवा गांव के एक युवक की कुछ दिन पूर्व गुमशुदगी का मुकदमा दर्ज हुआ था। इसी मामले में जानकारी लेने के लिए पत्रकार ने 23 अगस्त 2026 की शाम करीब 5 बजे रामपुर थानाध्यक्ष को फोन किया। आरोप है कि थानाध्यक्ष ने शाम 4 से 5 बजे के बीच फोन न करने और सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच संपर्क करने की बात कही।
इसके बाद पत्रकार ने बताए गए समय के अनुसार करीब दोपहर 1 बजे फोन किया। आरोप है कि बातचीत के दौरान पत्रकार को घर से उठाने की धमकी दी गई और कथित तौर पर अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया।
पत्रकार का आरोप है कि बाद में थानाध्यक्ष पुलिस टीम के साथ उसके घर पहुंचे और वहां मौजूद महिलाओं को भी कथित रूप से धमकाया गया। आरोप है कि उन्हें थाने भेजने की बात कहते हुए गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जीवन खराब करने की धमकी दी गई।
हालांकि, वायरल ऑडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और उसमें कही गई बातों की सत्यता जांच का विषय है।
ऑडियो वायरल होने के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली और पत्रकारों के साथ पुलिस अधिकारियों के व्यवहार को लेकर सवाल उठने लगे हैं। लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर वायरल ऑडियो की सत्यता सामने लाने तथा आरोप सही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है।
अब सवाल यह है कि वायरल ऑडियो की जांच कब होगी और पत्रकार को कथित धमकी व अभद्रता के आरोपों पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी?
