योजना के लिए 755.83 करोड़ रुपये का बजट
राज्य सरकार ने इस योजना के लिए 755.83 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं. इसके तहत सरकारी अस्पताल में जन्म लेने वाले पात्र नवजात को एक ग्राम की सोने की अंगूठी दी जाएगी. पहल का उद्देश्य मातृत्व का सम्मान करने के साथ महिलाओं के स्वास्थ्य को बढ़ावा देना और ज्यादा परिवारों को सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ना है.
सरकारी अस्पतालों में प्रसव को प्रोत्साहन
योजना के जरिए संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने की कोशिश की गई है. सरकार के मुताबिक, इसका लाभ केवल तमिलनाडु के स्थायी निवासियों को मिलेगा. इसके लिए मां का राज्य के गर्भावस्था और शिशु निगरानी सिस्टम में पंजीकृत होना भी जरूरी है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार, राज्य में हर साल करीब 7.8 लाख बच्चों का जन्म होता है. इनमें लगभग 4.2 लाख यानी 53 प्रतिशत प्रसव सरकारी अस्पतालों में होते हैं.
15 सितंबर को होनी थी योजना की शुरुआत
यह योजना मूल रूप से दिवंगत मुख्यमंत्री सी. एन. अन्नादुरै की जयंती 15 सितंबर को शुरू की जानी थी. हालांकि, मुख्यमंत्री विजय की लंदन यात्रा के कारण कार्यक्रम को आगे बढ़ा दिया गया था. अब मदुरै में इसे औपचारिक रूप से लागू किया गया.
महिला दिवस पर किए थे कई चुनावी वादे
मुख्यमंत्री विजय ने 2026 के तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर महिला मतदाताओं के लिए 12 'सैंपल' चुनावी वादों की घोषणा की थी. उन्होंने समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा था कि ये केवल शुरुआती वादे हैं और आगे ऐसी और योजनाएं लाई जा सकती हैं. इनमें परिवार की महिला मुखिया को हर महीने आर्थिक सहायता, मुफ्त बस यात्रा और शादी के लिए सोने के साथ वित्तीय मदद जैसी घोषणाएं शामिल थीं. इनमें से कई योजनाएं सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कझगम (डीएमके) सरकार की पहले से चल रही कल्याणकारी योजनाओं से मिलती-जुलती थीं. चुनाव के दौरान विजय ने कहा था कि उनकी टीवीके सरकार बनने पर राज्य और केंद्र सरकार के कर्मचारियों के परिवारों को छोड़कर अन्य परिवारों की महिला मुखियाओं को हर महीने 2,500 रुपये दिए जाएंगे.
पहले शुरू कर चुके हैं 'अन्नपूर्णी सुपर 6' योजना
मुख्यमंत्री बनने के बाद विजय ने 'अन्नपूर्णी सुपर 6 योजना' शुरू की थी. इसके तहत परिवारों को हर साल छह मुफ्त एलपीजी सिलेंडर देने की घोषणा की गई थी. अब नवजात बच्चों के लिए सोने की अंगूठी की योजना को भी लागू कर दिया गया है. विजय के कई कार्यक्रमों को देखते हुए मदुरै में एयरपोर्ट से लेकर कार्यक्रम स्थलों तक पुलिस ने पांच स्तर की सुरक्षा व्यवस्था की. मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर शहर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे.
