रिपोर्ट शिवेंद्र कुमार
जौनपुर जिले के सरायख्वाजा थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत बड़उर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में अनियमितता और कालाबाजारी का बड़ा मामला सामने आया है। पूर्ति निरीक्षक शिवशंकर यादव की शिकायत पर संबंधित कोटेदार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
मामले की शुरुआत तब हुई जब गांव निवासी भानपती पत्नी जयप्रकाश ने आरोप लगाया कि कोटेदार ने अप्रैल माह का राशन अंगूठा लगवाने के बावजूद वितरित नहीं किया। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए उपजिलाधिकारी शाहगंज ने जांच के आदेश दिए।
जांच के दौरान क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी अमिता द्विवेदी, पूर्ति निरीक्षक शिव शंकर यादव और आशुतोष सिंह की टीम ने कोटेदार की दुकान व गोदाम का निरीक्षण किया। निरीक्षण में गोदाम में गेहूं, चावल और चीनी का कोई स्टॉक नहीं मिला, जबकि रिकॉर्ड में पर्याप्त खाद्यान्न दर्शाया गया था। कोटेदार न तो स्टॉक रजिस्टर प्रस्तुत कर सका और न ही वितरण रजिस्टर दिखा पाया।
पूछताछ में कोटेदार ने स्वीकार किया कि उसके पास अधिकृत गोदाम नहीं है और खाद्यान्न अन्य स्थान पर रखा जाता है, जो नियमों का सीधा उल्लंघन है। जांच रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि मार्च और अप्रैल माह का राशन निर्धारित लाभार्थियों को वितरित नहीं किया गया।
कई कार्डधारकों ने बयान देकर पुष्टि की कि उनसे अंगूठा लगवाया गया, लेकिन राशन नहीं मिला। इससे स्पष्ट हुआ कि खाद्यान्न की कालाबाजारी की गई है।
जांच में आवश्यक वस्तु अधिनियम और सार्वजनिक वितरण प्रणाली (नियंत्रण) आदेश 2016 के उल्लंघन की पुष्टि होने के बाद उपजिलाधिकारी के अनुमोदन पर सरायख्वाजा थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
प्रशासन ने साफ किया है कि पीडीएस व्यवस्था में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
