जौनपुर। सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के बहुचर्चित आजाद बिंद हत्याकांड में न्याय की मांग को लेकर जिला कलेक्ट्रेट परिसर में चल रहा जनआंदोलनकारी नेता जज सिंह अन्ना का अनिश्चितकालीन आमरण अनशन आखिरकार समाप्त हो गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जौनपुर के नवनियुक्त जिलाधिकारी ने जज सिंह अन्ना और मृतक के पीड़ित परिवार को विशेष वार्ता के लिए आमंत्रित किया था।
*नए जिलाधिकारी की बात का रखा सम्मान*
गौरतलब है कि 45 डिग्री की झुलसाती गर्मी और भीषण लू के बीच अन्ना जी पिछले दो दिनों से बिना अन्न-जल ग्रहण किए (निर्जला) अनशन पर डटे हुए थे, जिससे प्रशासनिक अमले में हलचल तेज हो गई थी। चूंकि जिलाधिकारी ने अभी हाल ही में जिले का पदभार ग्रहण किया है, इसलिए उनकी प्रशासनिक गरिमा और वादे का सम्मान करते हुए अन्ना जी ने जूस पीकर अपना अनशन समाप्त करने का निर्णय लिया। वार्ता के दौरान डीएम ने पीड़ित परिवार को भरोसा दिलाया कि एक सप्ताह के भीतर दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अनशन समाप्त करने के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए जज सिंह अन्ना ने स्पष्ट शब्दों में कहा,
"हमने नए जिलाधिकारी की कार्यशैली और उनके आश्वासन पर भरोसा जताते हुए फिलहाल आंदोलन को विराम दिया है। लेकिन प्रशासन यह न भूले कि न्याय की यह लड़ाई कमजोर नहीं हुई है। यदि तय समय सीमा यानी एक सप्ताह के भीतर हत्यारों की गिरफ्तारी और ठोस कार्रवाई नहीं होती है, तो हम कलेक्ट्रेट परिसर में इससे भी बड़ा और उग्र आंदोलन शुरू करने के लिए बाध्य होंगे।"
इस दौरान पीड़ित परिवार सहित भारी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय युवा उपस्थित रहे, जिन्होंने एक सुर में पीड़ित परिवार को न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया।
